मध्यप्रदेश में स्टेज कैरिज बस ऑपरेटर्स की अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी, 2 मार्च से चक्का जाम
22 फरवरी की बैठक के बाद बड़ा फैसला
मंडला 22/02/2026

हाल ही में मध्यप्रदेश के सागर जिले में प्रदेश भर के बस ऑपरेटर्स और संगठनों के प्रमुख पदाधिकारियों की बैठक आयोजित की गई थी। बैठक में सरकार द्वारा स्टेज कैरिज बसों के संचालन को लेकर लाई जा रही नई परिवहन नीति पर विस्तार से चर्चा हुई। विचार-विमर्श के बाद ऑपरेटर्स ने इसे “दमनकारी नीति” बताते हुए विरोध का ऐलान किया।
इसी तारतम्य में मंडला बस ऑपरेटर्स एसोसिएशन द्वारा 22 फरवरी 2026 को अपनी विभिन्न मांगों को लेकर मंडला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा गया। यह ज्ञापन प्रदेश के मुख्यमंत्री एवं परिवहन मंत्री के नाम प्रेषित किया गया।
2 मार्च से अनिश्चितकालीन हड़ताल की घोषणा
एसोसिएशन ने स्पष्ट किया है कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र निर्णय नहीं लिया गया, तो 2 मार्च 2026 की रात से पूरे प्रदेश में अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू की जाएगी। इस हड़ताल में मंडला जिले सहित प्रदेश के सभी यात्री बस ऑपरेटर्स शामिल होंगे।
सरकार पर अनदेखी का आरोप
बस ऑपरेटर्स का कहना है कि इस मुद्दे पर पहले भी कई बार राज्य सरकार के समक्ष निवेदन किया जा चुका है, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि हड़ताल होती है तो उससे होने वाली जनसुविधा की परेशानी की जिम्मेदारी शासन की होगी।
मुख्य मांगें क्या हैं?
एसोसिएशन ने अपनी प्रमुख मांगों में 24 दिसंबर 2025 को राजपत्र में प्रकाशित संशोधन के प्रारूप को वापस लेने की मांग की है।
इसके अलावा 29 जनवरी 2026 को प्रकाशित संशोधन को पूर्ण रूप से समाप्त करने की भी मांग की गई है।
साथ ही, वर्तमान व्यवस्था के तहत प्रदेश में बस संचालन को यथावत बनाए रखने की मांग उठाई गई है।
आम जनता पर क्या पड़ेगा असर?
यदि 2 मार्च से हड़ताल शुरू होती है तो प्रदेश भर में यात्री परिवहन व्यवस्था प्रभावित हो सकती है। ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में बस सेवा ठप होने से हजारों यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। अब सबकी नजर राज्य सरकार के रुख पर टिकी है कि वह इस विवाद का समाधान कैसे निकालती है।
Author: Mahishmati Live










