वैदिक गुरुकुल में मनाई गई तुलसी जयंती, जल संरक्षण का दिया गया संदेश
मंडला |
मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद, विकासखंड मंडला, जिला मंडला द्वारा संचालित जल संचय अभियान के अंतर्गत लगातार जन जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में ग्राम स्तर पर जल चौपाल के माध्यम से श्रमदान और बोरी बंधान जैसे कार्यों को गति दी जा रही है।

तुलसी जयंती के अवसर पर जल चौपाल का आयोजन
जन अभियान परिषद द्वारा चयनित नवांकुर संस्था वैदिक गुरुकुल एवं समाज कार्य में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं के सहयोग से तुलसी जयंती के अवसर पर वैदिक गुरुकुल परिसर में जल चौपाल का आयोजन किया गया।
यह आयोजन शासन की मंशानुसार जिला समन्वयक श्री राजेन्द्र चौधरी एवं विकासखंड समन्वयक श्री संतोष कुमार झारिया के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।

बोरी बंधान से बढ़ेगा जल स्तर : संतोष झारिया
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विकासखंड समन्वयक संतोष कुमार झारिया ने कहा कि बोरी बंधान निर्माण से नदी-नालों में जल भराव की स्थिति बेहतर हो रही है। इससे किसानों के कृषि कार्यों, मवेशियों के लिए जल उपलब्धता, सिंचाई एवं निस्तार के लिए स्थायी जल संसाधन सुनिश्चित होंगे।
उन्होंने इसे जल संरक्षण और संवर्धन की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल बताया।

तुलसी आयुर्वेद की अमूल्य धरोहर : आचार्य भीमदेव महाराज
वैदिक गुरुकुल आश्रम के संचालक आचार्य भीमदेव जी महाराज ने तुलसी के औषधीय महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि तुलसी में एंटीऑक्सीडेंट, एंटी-इंफ्लेमेटरी, एंटीबैक्टीरियल और एंटीवायरल गुण पाए जाते हैं।
यह प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत करने के साथ-साथ तनाव कम करने, पाचन सुधारने तथा सर्दी-खांसी, बुखार, सिरदर्द और त्वचा रोगों में लाभकारी है। तुलसी आयुर्वेद की बहुमूल्य जड़ी-बूटी होने के साथ आधुनिक जीवनशैली का भी अहम हिस्सा बनती जा रही है।

सहभोज कार्यक्रम से बढ़ी सहभागिता
कार्यक्रम के दौरान सहभोज का आयोजन भी किया गया, जिससे प्रतिभागियों में आपसी सहभागिता और उत्साह देखने को मिला।

इनकी रही उपस्थिति
इस अवसर पर परामर्शदाता संतोष कुमार रजक, रागिनी हरदहा, आशीष नामदेव सहित सीएमसी एलडीपी के छात्र-छात्राएं एवं ग्राम विकास प्रस्फुटन समिति के सदस्य उपस्थित रहे।










